Thursday, 7 January 2021

परिवर्तन एवं रुपांतरण( change and transformation )

परिवर्तन एवं रुपांतरण( change and transformation ) 
आज समुचे संसार की शिक्षा का फोकस परिवर्तन के उपर है , सैद्धान्तिक शिक्षा के द्वारा बैचारिक परिवर्तन ! शिक्षकों का फोकस संसारिक शिक्षा के द्वारा स्टुडेण्ट का बैचारिक परिवर्तन कराना है । उँचे उँचे , बड़े बड़े कौलेजों, युनिभरसिटियों में परिवर्तन के उपर ध्यान दिया जाता है । यही कारण है फेल्योर का । परिवर्तन कभी स्थाई नही हो सकती । कारगर नही हो सकती !
आप खुद देखिय आप प्रण करते हैं , संकल्प करते हैं कि मै आज से झुठ नही बोलुंगा , क्रोध नही करुँगा आदि आदि पर यह कितने दिन चलता है । दो दिन , तीन दिन चार दिन या बैचारिक परिवर्तन के फलस्वरुप कुछ और दिन , पर जैसे हीं बाहरी परिस्थिति बदलती है , आपके सामने प्रतिकूल परिस्थिति आता है आपका प्रण , संकल्प समाप्त हो जाता है और आप क्रोध कर लेतें हैं , झुठ बोल लेते हैं । 
तो फिर क्यों हुआ ऐसा । ऐसा इसलिए हुआ की ज्ञान के परिणाम स्वरुप आपका केवल बैचारिक परिवर्तन हुआ है , आन्तरिक रुप से आप वही है जो पहले थे । 

लेकिन एक व्यक्ति का जब वास्तविक समर्थ सद्गुरु , संत व महापुरुष के संगति के फलस्वरुप , मेडिटेशन के फलस्वरुप जब रुपांतरित हो जाता है तो वह व्यक्ति हमेशा के लिए बदल जाता है , उसका रुपांतरण (Transformation ) हो जाता है ।

इसलिए ट्रांसफौर्मेशन स्थाई है । चेंज (परिवर्तन )कभी स्थाई नही हो सकता । 
ट्रांसफौर्मेशन केवल वास्तविक संत व महापुरुष के संसर्ग से ही संभव है । 
जैसे डाकु रत्नाकर का नारद जैसे संत के प्रभाव से ट्रांसफौर्मेशन हो गया और एक डाकु "रत्नाकर" महान संत - वाल्मिकि बन गया । 

इस लिए एक डाकु रत्नाकर संत कृपा से वाल्मिकि बन सकता है परंतु वाल्मिकि कभी फिर डाकु नही बन सकता , क्योकि उसका काया पलट हो गया , रुपांतरण हो गया , ट्रांसफौर्मेशन हो गया ।

दुसरा उदाहरण : एक कैटरपिलर वटरफ्लाई बन जाता है । पर एक वटरफ्लाई फिर कभी कैटरपिलर नही बन सकता ।
इसलिए ट्रांसफौर्मेशन जरुरी है , परिवर्तन नही । 
और ट्रांसफौर्मेशन के लिए वास्तविक समर्थ हमारे श्री कृपालु महाराज जी जैसे संत की आवश्यकता है । और महाराज जी ने जो मेडिटेशन बताई है वो परम आवस्यक है करना । नही तो केवल बैचारिक स्तर पर परिवर्तन होगा जिससे कोई लाभ नही है । इसलिए इस युथ शीविर  ( पौजिटीभ एवेयरनेश कैंप) का फोकस आप लोगों के ट्रांसफौर्मेशन पर है जिसका लाभ संसार और आध्यात्म दोनो जगत मे आपको मिलेगा ।
:- संजीव , उड़िसा , टांगी जनवरी 2018

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